
मुंबई। India,
अक्स इस वक्त अपनी car के bonnet पर हाथ टिकाए शांत नजरों से उसे अंधेरे को घूर रहा था, जो चारों तरफ फैला हुआ था। ठंडी हवाएं उसके चेहरे से टकरा रही थीं, लेकिन उसके अंदर जो आग सी लग रही थी, वो शांत नहीं होने वाली थी। उसकी खूंखार आंखें इस वक्त किसी शिकारी जैसी लग रही थीं।











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